दिल्ली की आउटर रिंग रोड की मरम्मत को मिली 803 करोड़ की मंजूरी, लोगों को मिलेगी राहत
नई दिल्ली | राजधानी दिल्ली की टूटी- फूटी और जर्जर सड़कों को ठीक करने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. सेंट्रल रोड एंड इंफ्रास्ट्रक्चर फंड ने राजधानी की रिंग रोड और आउटर रिंग रोड के लिए 803.39 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है. इस पैसे से सड़कों की मरम्मत और मजबूती का काम किया जाएगा. लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों का कहना है कि इन मार्गों पर आखिरी बार बड़े पैमाने पर मरम्मत वर्ष 2016 में हुई थी. उसके बाद, ट्रैफिक के दबाव और खराब रखरखाव के चलते स्थिति बिगड़ती चली गई. अब इस परियोजना से यात्रियों को राहत मिलेगी.
आउटर रिंग रोड से रिंग रोड तक लगभग 1.75 किलोमीटर सड़क की मरम्मत होगी. इसी तरह तमिल संगम मार्ग से अफ्रीका एवेन्यू तक 1.20 किलोमीटर, चर्च रोड से अफ्रीका एवेन्यू तक 0.8 किलोमीटर और नेल्सन मंडेला रोड के 4.04 किलोमीटर हिस्से को भी मजबूत और दुरुस्त किया जाएगा.
समयसीमा में काम होगा पूरा
पीडब्ल्यूडी मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने कहा कि सरकार इस काम को तय समयसीमा और पूरी पारदर्शिता के साथ पूरा करेगी. उन्होंने बताया कि विभाग लगातार मॉनिटरिंग करेगा और जहां जरूरत होगी, वहां तेजी से सुधार कराया जाएगा. हालांकि, उन्होंने यह भी माना कि सर्दियों के दौरान लागू होने वाला ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान काम की रफ्तार को प्रभावित कर सकता है. जीआरएपी के तहत प्रदूषण नियंत्रण के लिए निर्माण गतिविधियों पर कई तरह की पाबंदियां लगती हैं.
धूल- मिट्टी ने रोकी रफ्तार
लोग लंबे समय से रिंग रोड और आउटर रिंग रोड की जर्जर हालत से परेशान थे. गड्ढों और धूल- मिट्टी से न केवल ट्रैफिक की गति धीमी पड़ती थी, बल्कि दुर्घटनाओं का खतरा भी बना रहता था. अब 803 करोड़ रुपये की इस योजना से उम्मीद है कि दिल्ली की प्रमुख सड़कों को नया जीवन मिलेगा. ट्रैफिक जाम कम होगा और लोगों की यात्रा सुगम बनेगी. बता दें कि इन हिस्सों पर लंबे समय से गड्ढे और टूटी सतह लोगों के लिए परेशानी का कारण बने हुए थे. रोजाना लाखों गाड़ियां इन सड़कों से गुजरती हैं, ऐसे में सुधार कार्य बेहद जरूरी हो गया था.