CG NHM Employees Strike: एनएचएम कर्मियों का आंदोलन जारी, सूरजपुर में सिर मुंडवाकार जताया विरोध

0


Chhattisgarh NHM Employees Strike: छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के 16 हजार से ज्यादा संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी बीते 18 अगस्त से अश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। गुरुवार, 28 अगस्त को भी ये कर्मचारी हड़ताल पर रहे। आज हड़ताल का 11वां दिन था। इस दौरान सूरजपुर बस स्टैंड के पास NHM कर्मचारियों ने सिर मुंडवा कर विरोध प्रदर्शन किया है।

एनएचएम कर्मी अपनी 10 सूत्रीय मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। मोदी की गारंटी को आधार बनाते हुए प्रदर्शनकारियों ने सरकार पर वादा खिलाफी का आरोप लगाया है।

मनेंद्रगढ़ मे PPE किट पहनकर प्रदर्शन

लगातार 11 दिनों से वे अपनी मांगों को लेकर अलग-अलग जिलों में अलग-अलग ढंग से हड़ताल कर रहे हैं। बुधवार को मनेंद्रगढ़ में NHM कर्मचारियों ने PPE किट पहनकर बाजार में भीख मांगते हुए प्रदर्शन किया। ये वही किट है, जो कोरोना काल में पहनी जाती थी। उधर, स्वास्थ्य कर्मचारियों के लगातार हड़ताल पर रहने से अस्पतालों में व्यवस्थाएं गड़बड़ा गई हैं।

मनेंद्रगढ़ में NHM कर्मचारियों ने PPE किट पहनकर प्रदर्शन किया।

मोदी की गारंटी खोज अभियान’ 29 अगस्त से

सरकार की अनदेखी से नाराज कर्मचारियों ने अब शुक्रवार, 29 अगस्त से ‘मोदी की गारंटी खोज अभियान’ शुरू करने का ऐलान किया है। इसके तहत सभी कर्मचारी राजधानी रायपुर के तूता धरना स्थल पर जुटेंगे और वहां से प्रदेशभर में इस अभियान को आगे बढ़ाएंगे।

मोदी की गारंटी में समाधान का वादा था

संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अमित कुमार मिरी ने बताया कि विधानसभा चुनाव 2023 के दौरान बीजेपी ने ‘मोदी की गारंटी’ का नारा देकर घोषणा पत्र जारी किया था। उसमें एनएचएम कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान करने का वादा किया गया था, लेकिन सत्ता में आने के बाद सरकार ने कोई ठोस पहल नहीं की है। अब तक इन कर्मचारियों ने 160 से सरकार के जिम्मेदार अधिकारियों को ज्यादा ज्ञापन दिए। मजबूर होकर कर्मचारियों को आंदोलन का रास्ता चुनना पड़ा।

एनएचएम कर्मचारी प्रदर्शन करते हुए।

सरकार से पूछेंगे वादा की गारंटी कहां गायब ?

डॉ. मिरी ने कहा कि शुक्रवार 29 अगस्त को प्रदेशभर से कर्मचारी अपने-अपने जिलों से राजधानी रायपुर की ओर कूच करेंगे। रास्ते में पड़ने वाले गांवों और कस्बों में ‘मोदी की गारंटी खोज अभियान’ चलाया जाएगा। इसके लिए विशेष रूप से तैयार किए गए 2 लाख पंपलेट बांटे जाएंगे, जिनके जरिए लोग सरकार से पूछेंगे कि वादा की गई गारंटी आखिर कहां गायब हो गई ? आंदोलनकारी कर्मचारी आम जनता, दुकानदारों और परिचितों से मिलकर अपनी परेशानी को साझा करेंगे।

ये भी पढ़ें:  CG Liquor Scam: भूपेश कैबिनेट में FL-10 लाइसेंस को मिली थी मंजूरी, EWO चालान में जिक्र, रमन ने साधा निशाना, बैज भी बोले

Chhattisgarh liquor scamChhattisgarh liquor scam

Chhattisgarh liquor scam: छत्तीसगढ़ सबसे चर्चित शराब घोटाले मामले में EOW की ओर से दो दिन पहले पेश किए गए पूरक चालान में भूपेश कैबिनेट की बैठक का जिक्र है। कैबिनेट में नई लाइसेंस नीति (FL&10A/10B) को फरवरी 2020 में मंजूरी मिली, फिर आदेश भी जारी किया गया। अब इसे लेकर बीजेपी और कांग्रेस में बयानबाजी तेज हो गई है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें…

Leave A Reply

Your email address will not be published.