वाराणसी में जश्ने ईद मिलादुन्नबी की तैयारियां जोरों पर, 4 और 5 सितंबर को होंगे भव्य आयोजन
वाराणसी: मरकजी यौमुन्नबी कमेटी, वाराणसी ने रविवार को दोपहर 12 बजे दालमंडी स्थित मुस्लिम मुसाफिर खाना में एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया। इस प्रेस वार्ता में कमेटी के सदर और पूर्व चेयरमैन, अल्पसंख्यक आयोग, उत्तर प्रदेश सरकार, हाजी सैय्यद शकील अहमद, और सेक्रेटरी हाजी महमूद खान ने 4 और 5 सितंबर को जश्ने ईद मिलादुन्नबी (सल्ललाहो अलयही वस्सलम) के अवसर पर होने वाले कार्यक्रमों की जानकारी दी।
हाजी सैय्यद शकील अहमद ने बताया कि हर वर्ष की तरह इस बार भी जश्ने ईद मिलादुन्नबी को भव्य और शांतिपूर्ण तरीके से मनाने के लिए शहर के प्रशासनिक अधिकारियों और जिम्मेदार व्यक्तियों के साथ विचार-विमर्श किया गया है। 4 सितंबर की संध्या को कमेटी की ओर से जुलूस-ए-जश्न-ए-ईद मिलादुन्नबी निकाला जाएगा। यह जुलूस बेनियाबाग के पूर्वी छोर, हड़हा मैदान से शुरू होकर सराय हड़हा, छत्तातले, नारियल बाजार, दालमंडी, नई सड़क, मस्जिद खुदा बख्श जायसी (लंगड़े हाफिज), फरान होटल, नई सड़क चौराहा, कुरैशाबाद, फाटक शेख सलीम, आस्ताना रहिम शाह, और भारत रत्न उस्ताद बिस्मिल्लाह खाँ मार्ग से होता हुआ नवाब युसूफ के कुएँ के पास (बेनियाबाग) मरकस के डायज पर समाप्त होगा।

जुलूस के बाद सरपरस्ते आला अल्हाज हजरत मौलाना सूफी मोहम्मद ज़ाकिउल्लाह असदुल कादरी साहब की आगाजी तकरीर होगी, जिसके बाद नातिया मुकाबला आयोजित किया जाएगा। इसमें वाराणसी और अन्य शहरों की अंजुमनें हिस्सा लेंगी। कमेटी के अधीन 35 डायजों पर विभिन्न नामों से अंजुमनें नातिया कलाम प्रस्तुत करेंगी। 5 सितंबर को बारहवीं रबीउल अव्वल की संध्या पर मरकजी यौमुन्नबी कमेटी के संरक्षक और पदाधिकारी दालमंडी स्थित नश्रगाह (ताज होटल) से अंजुमनों को पुरस्कार वितरित कर उनकी हौसला-अफजाई करेंगे।

कमेटी के सदर हाजी सैय्यद शकील अहमद ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रशासन से अनुरोध किया गया है कि कार्यक्रम से पहले क्षेत्र की साफ-सफाई, सड़कों की मरम्मत, और बिजली संबंधी समस्याओं का समाधान किया जाए। साथ ही, कार्यक्रम के दिन ट्रैफिक व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाए।
सेक्रेटरी हाजी महमूद खान ने कहा, “इस्लाम के अंतिम पैगंबर हजरत मोहम्मद सल्ललाहो अलयही वस्सलम सारी दुनिया के लिए रहमत बनकर आए और उन्होंने मोहब्बत का पैगाम दिया। हम वाराणसी की गंगा-जमुनी तहजीब को कायम रखते हुए हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई सभी धर्मों के लोगों के साथ मिलकर इस जश्न को यादगार और खूबसूरत बनाएंगे।” उन्होंने सभी से 4 सितंबर के जुलूस में शामिल होने की अपील की और बताया कि इस अवसर पर बिहार सरकार के कैबिनेट मंत्री ज़मा खान मुख्य अतिथि होंगे।

प्रशासनिक अधिकारियों ने सभी समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया है। प्रेस वार्ता में मो. अबरार खान, मो. इमरान खान, शकील अहमद सिद्दीकी, आगा कमाल, रेयाज़ अहमद नूर, दिलशाद अहमद, वारिस बब्लू, हाजी समर खान, हाजी राशीद सिद्दीकी, हाजी यासीन गुड्डू, हाजी एकबाल, सोहराब आलम, तौकीर अहमद, साजिद गुड्डू, फुरकान खान, अजहर अज्जू, जमाल जफर, मारुफ अली, सऊद खान, इम्तियाज अहमद, अली अख्तर, अशरफ अहमद (एड.), अब्दुल मन्नान, एस. जावेद, रजब अख्तर, खालिद सिद्दीकी, शकील अहमद जादूगर, हाजी जावेद, रेयाज छोटू, बाबू नकाब, राशीद मार्शल, और कमेटी के अन्य जिम्मेदार लोग उपस्थित रहे।